Saturday, December 24, 2011

मेरी क्रिसमस (कुण्डलिया)

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उजियारा पावन कहें, या कह दें सब ईश
क्रास ह्रदय में हो बना, या श्रद्धानत शीश
या श्रद्धानत शीश, राह सच की बतलाये
जीवन दे महकाय, सहज सद्प्रेम सिखाये
इश्वर का अवतार, जगत को दिये सहारा
सदा सदा उपलब्ध, बहे पावन उजियारा
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सभी सम्माननीय मित्रों को "बड़े दिन" की सादर शुभकामनाएं.
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17 comments:

  1. आपको पढ़्ना एक सुखद अनुभव होता है। ग़ज़ल के सरताज तो आप हैं ही, यह रूप भी भाया।

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  2. सुंदर अभिव्यक्ति..Merry christmas.

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  3. खूबसूरत रचना।
    शुभकामनाएं।

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  4. सांता खूब सारी खुशियाँ दे जाएँ

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  5. bahut sundar kamana ki abhivykti badhai Sanjay bhaiya.

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  6. सुन्दर कामना ...शुभकामना

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  7. सुंदर रचना ....मेरी क्रिसमस

    "काव्यान्जलि"--नई पोस्ट--"बेटी और पेड़"--में click करे

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  8. बिल्कुल अलग अंदाज में बधाई, सुंदर प्रभावशाली कुंडली.

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  9. आपको भी ढेरों शुभकामनाएं ...

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  10. बहुत सुन्दर पोस्ट|

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  11. वाह, अति सुन्दर

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  12. सुन्दर प्रस्तुति ... देर से आना हो पाया ... शुभकामनायें

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  13. राष्ट्री सहभाव सद्भाव को बढ़ाती बेहतरीन कुंडलियाँ .बधाई .

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  14. बहुत सुंदर रचना !
    बधाई आपको भी .....
    आभार !

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मेरी हौसला-अफजाई करने का बहुत शुक्रिया.... आपकी बेशकीमती रायें मुझे मेरी कमजोरियों से वाकिफ करा, मुझे उनसे दूर ले जाने का जरिया बने, इन्हीं तमन्नाओं के साथ..... आपका हबीब.

"अपनी भाषा, हिंदी भाषा" (हिंदी में लिखें)

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